Toys – भारतीय खिलौनों से खेल रहे यूरोप, जापान और अमेरिका के बच्चे; बढ़ा निर्यात, आंकड़ों से समझें, क्‍या मिल रहे संकेत

भारतीय खिलौना उद्योग में तगड़ी मजबूती आई है।

Toys – भारतीय खिलौना उद्योग में तगड़ी मजबूती आई है। यूरोप जापान और अमेरिका के बच्चे भारतीय खिलौनों से खेल रहे हैं। भारत में बने खिलौनों का निर्यात बढ़ा है जबकि आयात में कमी आई है। जानें क्‍या कहते हैं आंकड़े…

राजीव कुमार, नई दिल्ली। गुणवत्ता नियंत्रण, सरकारी प्रयास और खिलौना उद्यमियों के दिल में आत्मनिर्भर बनने की चाहत ने पूरे खिलौना उद्योग के परिदृश्य को बदल दिया है। सिर्फ तीन-चार साल पहले तक भारत में बिकने वाले 85 प्रतिशत खिलौने आयात किए जाते थे और अब अमेरिका, यूरोप, जापान, न्यूजीलैंड, आस्ट्रेलिया जैसे देशों के बच्चे भारतीय खिलौने से खेलते हैं। भारतीय खिलौना निर्माता ग्लोबल टाय ब्रांड के मूल निर्माता के रूप में काम कर रहे हैं।

Toys - भारतीय खिलौनों से खेल रहे यूरोप, जापान और अमेरिका के बच्चे; बढ़ा निर्यात, आंकड़ों से समझें, क्‍या मिल रहे संकेत
Toys – भारतीय खिलौनों से खेल रहे यूरोप, जापान और अमेरिका के बच्चे; बढ़ा निर्यात, आंकड़ों से समझें, क्‍या मिल रहे संकेत

Read More

PHDCCI ने सरकार से ई-कॉमर्स सेक्‍टर में प्रत्यक्ष विदेशी निवेश (FDI) नीति पर स्पष्टीकरण जारी करने की अपील की है।
सरकार से ई-कॉमर्स सेक्‍टर में FDI नीति पर स्पष्टीकरण जारी करने और खामियों को दूर करने की अपील
यह भी पढ़ें
तीन साल में Toys आयात 70 प्रतिशत कम हुआ, निर्यात में 60 प्रतिशत की बंपर बढ़ोतरी
सख्त गुणवत्ता नियंत्रण के नियमों ने किया कमाल, आयातित खिलौनों की सैंपल जांच को किया गया अनिवार्य
देश में विकसित हो रहे 32 टाय क्लस्टर
खिलौना उद्योग में आने वाले इतने बड़े बदलाव की वजह देश में विकसित हो रहे 32 टाय क्लस्टर हैं और इनमें से कइयों में यूनिट लग चुकी हैं और उत्पादन शुरू हो चुका है। आत्‍मनिर्भर भारत अभियान के लिए यह एक बड़ा कदम है।

मोदी सरकार के आर्थिक सुधार के फैसलों के चलते भारतीय अर्थव्‍यवस्‍था में मजबूती आई है।
Specialist Comment: मोदी सरकार के आर्थिक सुधार के फैसलों के चलते गंभीर वैश्विक झटकों से उबरने में सक्षम हुआ

विदेशी कंपनियों के लिए बना रहे Toys

ग्लोबल टाय ब्रांड हसब्रो, हैमलेज, स्पीन मास्टर, ड्रैगन, शिफू, हार्नबाइ, एमजीए, आइएमसी और गोल्डन बियर के लिए भारतीय कंपनियां खिलौना बनाने का काम कर रही हैं।

Irdai ने अमेरिका स्थित बीमा कंपनियों को घरेलू बाजार में निवेश के लिए आमंत्रित किया है।
Irdai ने अमेरिकी बीमा कंपनियों को निवेश के लिए किया आमंत्रित, कहा- भारत में निवेश की अपार संभावनाएं

यह भी पढ़ें

आयात घटा, बढ़ गया निर्यात
वाणिज्य और उद्योग मंत्रालय के मुताबिक वित्त वर्ष 2018-19 में भारत ने 37.1 करोड़ डालर का खिलौना आयात किया था जो वित्त वर्ष 2021-22 में घटकर 11 करोड़ डालर रह गया। वित्त वर्ष 2018-19 में भारत ने 20 करोड़ डालर का खिलौना निर्यात किया था जो वित्त वर्ष 2021-22 में बढ़कर 32.6 करोड़ डालर का हो गया।

कैसे घटा आयात

वर्ष 2019 में सरकार की तरफ से कराए गए सर्वे में पाया गया कि भारत के बाजार में उपलब्ध सिर्फ 33 प्रतिशत खिलौने ही बीआइएस के मानकों को पूरा करते हैं। दूसरे देशों से घटिया स्तर के और स्वास्थ्य के लिए खतरनाक खिलौनों का आयात हो रहा था। वर्ष 2019 के दिसंबर में विदेश व्यापार महानिदेशालय ने आयातित खिलौनों की सैंपल जांच को अनिवार्य कर दिया और क्वालिटी जांच में पास होने पर ही उन्हें बाजार में बेचने की इजाजत का नियम बना दिया।

RS-InfoTech
RS-InfoTech

यह भी पढ़ें

टाय गुणवत्ता नियंत्रण आदेश के दिख रहे फायदे
वर्ष 2020 में टाय गुणवत्ता नियंत्रण आदेश जारी किया गया और BSI मानकों के हिसाब से बिना टाय टेस्टिंग सुविधा के Manufacturing License पर रोक लगा दी गई। हालांकि कुटीर उद्योग व सूक्ष्म उद्यमियों को इससे बाहर रखा गया। इसका नतीजा यह हुआ कि वर्ष 2022 में बीआइएस के एक सर्वे में सिर्फ 14 प्रतिशत सैंपल में कमी पाई गई।

अंतरराष्‍ट्रीय बाजार में तेल की कीमतों में तेजी का रुख देखा जा रहा है।
अंतरराष्‍ट्रीय बाजार में बढ़ सकती हैं तेल की कीमतें; रूझान से मिल रहे संकेत, क्‍या है इसकी वजहें
यह भी पढ़े

32 टाय क्लस्टर की तैयारी

MSME मंत्रालय की स्फूर्ति स्कीम के तहत 19 Toy Cluster को मंजूरी दी गई है। इनमें मध्य प्रदेश में नौ, राजस्थान में तीन, उत्तर प्रदेश में दो, कर्नाटक में दो, आंध्र प्रदेश में दो, महाराष्ट्र में एक, तमिलनाडु में एक शामिल हैं। इन Clusters में 11,749 सूक्ष्म स्तर के खिलौना निर्माता काम कर रहे हैं। इसके अलावा टेक्सटाइल मंत्रालय की तरफ से वाराणसी, चन्नपाटना, कोंडापल्ली, जयपुर, किन्नल, अशारिकांडी, एटिकोपक्का, कोप्पल, तंजौर, बिष्णुपुर, कुड्डापा, निरामल व इंदौर में Toy Cluster की पहचान की गई है।

Optical – कुत्ते की तस्वीर में इंसानी चेहरा खोजने की मिली चुनौती, 15 सेकंड में पहेली सुलझाकर दिखाइए दिमागी कौशल